अंतर्राष्ट्रीय आर्द्रभूमि दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम

अंतर्राष्ट्रीय आर्द्रभूमि दिवस पर बरेली कॉलेज में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुआ। वेटलैंड संरक्षण पर व्याख्यान और नवग्रह व नक्षत्र वाटिका का उद्घाटन किया गया।

अंतर्राष्ट्रीय आर्द्रभूमि दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम
HIGHLIGHTS:

➡️ अंतर्राष्ट्रीय आर्द्रभूमि दिवस पर कार्यक्रम
➡️ वन विभाग के सहयोग से आयोजन
➡️ आर्द्रभूमियों की भूमिका पर विशेषज्ञ व्याख्यान

हसीन दानिश । जन माध्यम
बरेली।
2 फरवरी को अंतर्राष्ट्रीय आर्द्रभूमि दिवस के अवसर पर बरेली कॉलेज, बरेली के वनस्पति विज्ञान विभाग द्वारा प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी विविध शैक्षणिक एवं जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों में आर्द्रभूमियों (वेटलैंड्स) के महत्व, संरक्षण और पर्यावरणीय भूमिका के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।

इस वर्ष कार्यक्रम का आयोजन वन विभाग के सहयोग से किया गया, जिसमें फरीदपुर रेंज के रेंज ऑफिसर श्री ऋषि ठाकुर मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से आर्द्रभूमियों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ आंकड़ों सहित साझा कीं। उन्होंने बताया कि भारत के विभिन्न राज्यों में आर्द्रभूमियों को अलग-अलग नामों से जाना जाता है, लेकिन पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में इनकी भूमिका समान रूप से महत्वपूर्ण है।

अपने व्याख्यान में श्री ठाकुर ने आर्द्रभूमियों की जैव विविधता संरक्षण में भूमिका, जल संतुलन बनाए रखने, प्रवासी पक्षियों के आवास तथा मानव जीवन से इनके गहरे संबंधों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने यह भी बताया कि पारंपरिक ज्ञान किस प्रकार आर्द्रभूमियों एवं समग्र पर्यावरण संरक्षण में सहायक सिद्ध हो सकता है। साथ ही विश्व एवं राष्ट्रीय स्तर पर आर्द्रभूमियों से जुड़े संरक्षण प्रयासों एवं अभियानों की जानकारी भी दी।

मुख्य वक्ता ने विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों को फरीदपुर रेंज के अंतर्गत स्थित महाराणा प्रताप वेटलैंड (रक्षा क्षेत्र) में शोध कार्य के लिए प्रेरित किया। उन्होंने वहाँ उपलब्ध वनस्पति, जीव-जंतु तथा प्रवासी पक्षियों के बारे में भी जानकारी दी और विद्यार्थियों से पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में बरेली रेंज के रेंज ऑफिसर श्री वैभव चौधरी की उपस्थिति में वनस्पति विज्ञान विभाग द्वारा नवग्रह वाटिका एवं नक्षत्र वाटिका का उद्घाटन किया गया। नवग्रह वाटिका में नवग्रहों से संबंधित पौधों का तथा नक्षत्र वाटिका में 27 नक्षत्रों से जुड़े पौधों का विधिवत रोपण छात्र-छात्राओं द्वारा किया गया।

इस अवसर पर विभागाध्यक्ष प्रोफेसर आलोक कुमार खरे, डॉ. शालिनी सक्सेना (यूजी एवं पीजी कार्यक्रम निदेशक), विभाग के समस्त शिक्षकगण, स्नातक एवं परास्नातक विद्यार्थी तथा वनस्पति विज्ञान एवं जंतु विज्ञान विभाग के शोधार्थी उपस्थित रहे। इको क्लब बरेली के सदस्य डॉ. रवि प्रकाश शर्मा एवं प्रवीन कुमार शर्मा ने वाटिकाओं का भ्रमण कर इसे पर्यावरण संरक्षण एवं शैक्षणिक उन्नति की दिशा में सराहनीय पहल बताया।

कार्यक्रम के समापन पर बरेली कॉलेज के प्राचार्य प्रोफेसर ओ.पी. राय ने मुख्य अतिथि को मोमेंटो भेंट कर सम्मानित किया तथा वन विभाग के अन्य सदस्यों का भी सम्मान किया। उन्होंने छात्र-छात्राओं के उत्साह और सहभागिता की सराहना करते हुए विभाग की निरंतर उन्नति की कामना की।

कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि आर्द्रभूमियाँ पृथ्वी के अत्यंत महत्वपूर्ण पारिस्थितिक तंत्र हैं, जिनका संरक्षण न केवल जैव विविधता बल्कि मानव जीवन के लिए भी आवश्यक है।