अवैध कॉलोनी पर चला बुलडोज़र

बरेली के सीबीगंज क्षेत्र के ग्राम मिलक में 45 बीघा में विकसित हो रही अवैध कॉलोनी पर बीडीए ने बुलडोज़र चलाकर ध्वस्तीकरण किया। दो अन्य अवैध निर्माण भी सील किए गए।

अवैध कॉलोनी पर चला बुलडोज़र
HIGHLIGHTS:

➡️ ग्राम मिलक में 45 बीघा में विकसित हो रही अवैध कॉलोनी ध्वस्त
➡️ बिना बीडीए स्वीकृति सड़क, प्लॉटिंग और बाउंड्री वॉल का निर्माण
➡️ रामपुर रोड मथुरापुर में व्यवसायिक भवन सील

जन माध्यम
बरेली।
बीडीए ने अवैध निर्माण और गैरकानूनी कॉलोनियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। प्राधिकरण की प्रवर्तन टीम ने थाना सीबीगंज क्षेत्र के ग्राम मिलक में बिना स्वीकृति विकसित की जा रही अवैध कॉलोनी पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की, जबकि दो अन्य अवैध निर्माणों को सील कर दिया गया।

प्राधिकरण के अनुसार डॉ. नफीस, इन्द्रपाल, तसलीम और पप्पन सहित अन्य लोगों द्वारा ग्राम मिलक में लगभग 45 बीघा भूमि पर बिना बीडीए की अनुमति के भूखंडों का चिन्हांकन, सड़क निर्माण, साइट ऑफिस और बाउंड्री वॉल का कार्य कर अवैध कॉलोनी विकसित की जा रही थी। लंबे समय से मिल रही शिकायतों और जांच के बाद प्रवर्तन टीम ने मौके पर पहुंचकर अवैध विकास कार्य को ध्वस्त कर दिया। इसके साथ ही दो अलग अलग स्थानों पर किए गए अवैध निर्माणों पर भी कार्रवाई की गई। रामपुर रोड स्थित ग्राम मथुरापुर में आरिफ द्वारा लगभग दोसौ वर्गमीटर क्षेत्र में किए गए व्यवसायिक निर्माण को सील कर दिया गया। वहीं ग्राम मिलक, थाना सीबीगंज में  शहजाद द्वारा करीब पंद्रह सौ वर्गमीटर क्षेत्र में बिना स्वीकृति स्कूल भवन का निर्माण कराया जा रहा था, जिसे भी सील कर दिया गया। यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश नगर योजना एवं विकास अधिनियम 1973 की सुसंगत धाराओं के तहत की गई। पूरी कार्रवाई के दौरान प्राधिकरण के सहायक अभियंता धर्मवीर सिंह, अवर अभियंता संदीप कुमार और प्रवर्तन टीम मौके पर मौजूद रही।

बीडीए ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी प्रकार का निर्माण या प्लॉटिंग करने से पहले मानचित्र की स्वीकृति अवश्य प्राप्त करें। बिना स्वीकृत मानचित्र के किया गया निर्माण अवैध माना जाएगा और उसे ध्वस्त या सील किया जा सकता है। प्राधिकरण ने यह भी स्पष्ट किया कि भूखंड या भवन खरीदने से पहले उसकी वैधता की जांच न करने पर संबंधित व्यक्ति स्वयं जिम्मेदार होगा।