मतदाता सूची का कड़ा निरीक्षण

डीएम अविनाश सिंह ने मतदाता सूची पुनरीक्षण में लापरवाही पर चेतावनी दी। डुप्लीकेट प्रविष्टि, सत्यापन में ढिलाई और लंबित प्रकरणों पर सख्त निगरानी के निर्देश दिए।

मतदाता सूची का कड़ा निरीक्षण
HIGHLIGHTS:

➡️ डीएम ने मतदाता सूची सत्यापन में शिथिलता पर दी चेतावनी।
➡️ डुप्लीकेट प्रविष्टियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश।
➡️ आयोग के निर्देशों के पालन और वीआरसी केंद्रों की निगरानी पर जोर।
➡️ समयबद्ध निस्तारण व पारदर्शी सूची का लक्ष्य।

डीएम ने दी चेतावनी, डुप्लीकेट प्रविष्टियों और सत्यापन में शिथिलता बर्दाश्त नहीं

जन माध्यम
बरेली।
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार जनपद में विशेष प्रगाढ़ मतदाता सूची पुनरीक्षण कार्यक्रम तेजी से चल रहा है। नाम जोड़ने, हटाने, संशोधन और डुप्लीकेट प्रविष्टियों के सत्यापन का काम हर बूथ पर बड़े पैमाने पर संचालित हो रहा है। लेकिन कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, यह संदेश रविवार को डीएम अविनाश सिंह ने तहसील सदर में अधिकारियों को देते हुए साफ कर दिया।

डीएम ने तहसील सदर में पंचायत निर्वाचन हेतु मतदाता सूचियों के पुनरीक्षण और एसआईआर कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने प्रत्येक अधिकारी और बीएलओ बूथ लेवल अधिकारी से घर-घर सत्यापन की प्रगति पूछी और डुप्लीकेट प्रविष्टियों के समाधान पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए। डीएम ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मतदाता सूची में किसी भी प्रकार की त्रुटि बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी अधिकारियों को समयबद्ध रूप से सत्यापन कार्य पूरा करने, प्राप्त दावों और आपत्तियों का तुरंत निस्तारण करने और आयोग के दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के आदेश दिए।

डीएम ने निरीक्षण के दौरान यह भी जताया कि मतदाता सूची का हर विवरण जनता की आवाज़ और उनके मतदान अधिकार का प्रतिबिंब है। किसी भी प्रकार की लापरवाही या अव्यवस्था चुनाव की निष्पक्षता और लोकतंत्र की प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचा सकती है। यही कारण है कि उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि इस काम में शिथिलता करने वाले किसी भी स्तर पर जिम्मेदार ठहराए जाएंगे। निरीक्षण के उपरांत डीएम ने तहसील सदर  स्थित वीआरसी सेंटर का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने केंद्र में आने वाले नागरिकों को सभी सुविधाएँ सहज और समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए और लंबित प्रकरणों के त्वरित निस्तारण की भी सख्त हिदायत दी।

इस मौके पर अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व संतोष कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी नगर सौरभ दुबे, नगर मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री, उप जिलाधिकारी प्रमोद कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। अधिकारियों ने डीएम को कार्यों की वर्तमान स्थिति से अवगत कराया और सुधारात्मक कदम उठाने का आश्वासन दिया।विशेषज्ञों का कहना है कि पंचायत निर्वाचन के दृष्टिकोण से यह पुनरीक्षण कार्यक्रम महत्वपूर्ण है। समय पर और सही ढंग से संपन्न होने वाले सत्यापन से मतदाता सूची में कोई भी गड़बड़ी या डुप्लीकेट प्रविष्टि नहीं रहेगी। यह प्रक्रिया सिर्फ तकनीकी नहीं है, बल्कि लोकतंत्र की आधारशिला और नागरिकों के मतदान अधिकार की सुरक्षा का एक सशक्त माध्यम है।

डीएम अविनाश सिंह का सख्त रुख और अधिकारियों पर दबाव यह सुनिश्चित करता है कि बरेली की मतदाता सूची पारदर्शी, विश्वसनीय और त्रुटिरहित बने। उनकी निगरानी में यह प्रक्रिया न केवल समयबद्ध होगी, बल्कि प्रत्येक नागरिक तक सुविधा और जवाबदेही का संदेश भी पहुंचेगा।