अलविदा जुमे की नमाज में पुलिस का कड़ा पहरा, सड़कों पर दिखा कानून का रौब

अलविदा जुमे की नमाज में पुलिस का कड़ा पहरा, सड़कों पर दिखा कानून का रौब
HIGHLIGHTS:

1. एसएसपी की दूरदर्शी रणनीति ने बिगड़ते मंसूबों को किया नाकाम
2. सड़कों पर उतरी पुलिस, फ्लैग मार्च से दिखाया दम
3. ड्रोन से निगरानी, सोशल मीडिया पर भी सख्त पहरा

बरेली। इस बार बरेली में अलविदा जुमे की नमाज सिर्फ इबादत तक ही सीमित नहीं रही। बल्कि पुलिस की अभूतपूर्व मुस्तैदी और जबरदस्त फ्लैग मार्च का भी गवाह बनी। माहौल पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा, लेकिन इसके पीछे एसएसपी की सख्त रणनीति और पुलिस का फ्लैग मार्च था। जिसने किसी भी गड़बड़ी की संभावना को जड़ से खत्म कर दिया।

बरेली पुलिस ने इस बार सिर्फ ड्यूटी नहीं निभाई। बल्कि सुरक्षा का नया मानक तय किया। एसएसपी अनुराग आर्य ने निर्देशन पुलिस, पीएसी और दंगा नियंत्रण बल की तैनाती ऐसी थी कि कोई भी शरारती तत्व हरकत करने से पहले सौ बार सोचने पर मजबूर हो गया। फ्लैग मार्च के दौरान एसएसपी खुद सड़कों पर उतरे और पूरी टीम के साथ शहर के संवेदनशील इलाकों का दौरा किया। नतीजा- आम जनता में सुरक्षा का भरोसा बढ़ा और माहौल बिगाड़ने वालों के मंसूबे धरे के धरे रह गए।

ड्रोन से नजर, सोशल मीडिया पर भी निगरानी तगड़ी

इस बार बरेली पुलिस ने सिर्फ सड़कों पर नहीं, बल्कि आसमान से भी सुरक्षा का पहरा बिठाया। ड्रोन कैमरों से निगरानी रखी गई, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि को दूर से ही भांप लिया जाए। इसके अलावा सोशल मीडिया पर भी पुलिस की पैनी नजर थी। साइबर सेल ने हर अफवाह और भड़काऊ पोस्ट को जड़ से खत्म करने में कोई कसर नहीं छोड़ी। यानी न सोशल मीडिया पर कोई शरारत चली, न सड़कों पर।

एसएसपी के निर्देश पर पुलिस ने पूरे शहर को सुरक्षा के फुलप्रूफ घेरे में तब्दील कर दिया। प्रमुख चौक-चौराहों पर पुलिस फोर्स मुस्तैद रही। बाजारों में क्विक रिस्पॉन्स टीम (क्यूआरती) को स्टैंडबाय पर रखा गया। दंगा नियंत्रण वाहन हर वक्त तैयार रहे। और नमाज पूरी तरह शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई और शहर में अमन-चैन बरकरार रहा। वहीं एसएसपी और अन्य अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से संवाद किया, शांति बनाए रखने की अपील की और इसका असर ये हुआ कि हर समुदाय ने पुलिस का पूरा सहयोग किया।

एसएसपी की दूरदर्शी रणनीति और पुलिस की सख्ती ने इस बार बरेली में हर नापाक मंसूबे को फेल कर दिया। पुलिस की इस कार्यप्रणाली की हर तरफ सराहना हो रही है और आम लोग भी मान रहे हैं कि अगर प्रशासन और जनता साथ हों। तो कोई भी बड़ा आयोजन पूरी तरह शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सकता है।