बुलेट और नकदी के लिए विवाहिता पर अत्याचार

बरेली के शाही क्षेत्र में दहेज में बुलेट मोटरसाइकिल और एक लाख रुपये नकद की मांग पूरी न होने पर विवाहिता से मारपीट और घर से निकाले जाने का आरोप। पुलिस ने जांच शुरू की।

बुलेट और नकदी के लिए विवाहिता पर अत्याचार
HIGHLIGHTS:

➡️ बुलेट और ₹1 लाख नकद की दहेज मांग
➡️ मांग पूरी न होने पर विवाहिता से मारपीट
➡️ दो वर्ष की बेटी संग घर से निकाला
➡️ पुलिस ने तहरीर लेकर जांच शुरू की

दीनानाथ कश्यप । जन माध्यम

शाही (बरेली)। दहेज में बुलेट मोटरसाइकिल और एक लाख रुपये नकद की मांग को लेकर ससुराल पक्ष द्वारा विवाहिता को प्रताड़ित किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि मांग पूरी न होने पर महिला को गाली-गलौज, मारपीट और जान से मारने की धमकी देकर घर से बाहर निकाल दिया गया। पीड़िता ने थाना शाही में तहरीर देकर न्याय की गुहार लगाई है।

जानकारी के अनुसार, थाना क्षेत्र के गांव गणेशपुर निवासी रामचंद्र के पुत्र चंद्र प्रकाश से वर्ष 2021 में दौली जवाहर लाल के मदन लाल ने अपनी पुत्री रीना का विवाह हिंदू रीति-रिवाज से किया था। पिता ने अपनी सामर्थ्य के अनुसार दहेज भी दिया था और विवाह के समय किसी अतिरिक्त मांग की बात नहीं हुई थी। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल पक्ष दहेज से असंतुष्ट रहने लगा और बुलेट मोटरसाइकिल व एक लाख रुपये नकद की मांग को लेकर विवाहिता को प्रताड़ित करने लगा।

पीड़िता का कहना है कि छोटी-छोटी बातों पर उसे अपमानित किया जाता, गाली दी जाती और मारपीट की जाती थी। कई बार पंचायत भी हुई, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हुआ। आरोप है कि लगातार मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न के कारण उसकी मानसिक स्थिति भी प्रभावित हुई है।

मंगलवार को सुबह लगभग 11 बजे ससुर रामचंद्र, सास प्रेमवती, जेठ संतोष, जेठानी रामेश्वरी और देवर अमरीश सहित अन्य परिजनों ने कथित रूप से विवाहिता को बुरी तरह पीटा और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उसे उसकी दो वर्ष की बेटी के साथ केवल पहने हुए कपड़ों में घर से निकाल दिया गया।

परिजनों का आरोप है कि विवाहिता ने तीन बच्चों को जन्म दिया था, जिनमें एक पुत्र और एक पुत्री की इलाज में लापरवाही के चलते मृत्यु हो चुकी है। अब पुत्र न होने का ताना देकर उसे छोड़ने का दबाव बनाया जा रहा है।

पीड़िता अपने मायके पहुंची और पूरी घटना परिजनों को बताई। पुलिस ने तहरीर के आधार पर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।