माफिया पर शिकंजा: अशरफ के साले सद्दाम और लल्ला गद्दी की 5.29 करोड़ की संपत्ति कुर्क
बरेली में पुलिस और प्रशासन ने कुख्यात अपराधी मुहम्मद रजा उर्फ लल्ला गद्दी और माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ के साले समद उर्फ सद्दाम की 5 करोड़ 29 लाख रुपये की अवैध संपत्ति कुर्क की। दोनों अपराधी गैंगस्टर एक्ट के तहत जेल में बंद हैं और अवैध तरीके से संपत्ति अर्जित कर रहे थे। प्रशासन ने जांच के बाद इनकी संपत्तियां जब्त करने की कार्रवाई की, जिसमें भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई।
बरेली, नापतोल न्यूज़। अपराधियों के खिलाफ प्रशासन का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। पुलिस और प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुख्यात अपराधी मुहम्मद रजा उर्फ लल्ला गद्दी और माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ के साले समद उर्फ सद्दाम की करीब 5 करोड़ 29 लाख रुपये की संपत्ति कुर्क की। दोनों अपराधी गैंगस्टर एक्ट के तहत बदायूं जेल में बंद हैं। हरूनगला इलाके में इन दोनों की तीन बीघा जमीन थी। जिसे अवैध रूप से खरीदा गया था। प्रशासन ने पहले इनकी संपत्ति की जांच की और फिर नोटिस जारी करने के बाद मंगलवार को इस संपत्ति को कुर्क कर लिया। एसएसपी अनुराग आर्य की रिपोर्ट के आधार पर जिला अधिकारी ने पाया कि सद्दाम और लल्ला गद्दी ने आपराधिक गतिविधियों से अवैध रूप से धन अर्जित किया था। इसी पैसे से हरूनगला में जमीन खरीदी गई थी, जिसे मुहम्मद जाहिद और इलियास नाम को फर्जी रजिस्टर्ड कराया गया। मामले को लेकर पुलिस ने संपत्ति जब्त करने का अनुरोध किया था। जिला मजिस्ट्रेट न्यायालय ने 19 फरवरी 2025 को आदेश जारी कर संपत्ति को कुर्क करने के निर्देश दिए। इसके तहत एसडीएम सदर को संपत्ति का प्रशासक नियुक्त किया गया। मंगलवार को भारी पुलिस बल के साथ प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए संपत्ति को कुर्क कर लिया। इस दौरान इलाके में भारी सुरक्षा व्यवस्था रखी गई ताकि कोई विरोध प्रदर्शन या अप्रिय घटना न हो सके।
जानकारी के मुताबिक सद्दाम माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ का साला है। अतीक अहमद और उसका परिवार उत्तर प्रदेश में संगठित अपराध और माफिया गतिविधियों के लिए कुख्यात रहा है। सद्दाम भी अपराध की इसी दुनिया का हिस्सा बन चुका था। लल्ला गद्दी बरेली का कुख्यात अपराधी है जिस पर हत्या, लूट, फिरौती और जबरन वसूली के कई संगीन मामले दर्ज हैं। वह बरेली के कई आपराधिक गिरोहों से जुड़ा हुआ था और अपनी गैंग के जरिए अवैध गतिविधियों को अंजाम देता था। अतीक अहमद और उसका भाई अशरफ जब बरेली सेंट्रल जेल में बंद थे उस समय सद्दाम प्रयागराज से बरेली पहुंचा था। उसने यहां फाइक एन्क्लेव की खुशबू एन्क्लेव में अपना ठिकाना बनाया और जेल में अशरफ की मदद करने लगा। आरोप है कि सद्दाम ने 2023 में 11 बदमाशों का एक गिरोह बना लिया था। जो जमीनों के अवैध सौदे और कब्जे करने में लगा था। यह गिरोह जेल के अंदर अशरफ को अवैध सुविधाएं भी पहुंचा रहा था।
सीसीटीवी फुटेज ने खोला राज
मार्च 2023 में पुलिस को सूचना मिली कि सद्दाम और उसके गुर्गे जेल में बंद अशरफ को हर तरह की सुविधाएं दे रहे हैं। सीसीटीवी फुटेज में साफ दिखा कि सद्दाम और उसके साथी अशरफ को खाने-पीने का सामान, मोबाइल फोन और अन्य लग्जरी चीजें मुहैया करा रहे थे। इस मामले में बिथरी चैनपुर पुलिस ने अशरफ, सद्दाम और उनके सहयोगियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। यही नहीं प्रशासन को सद्दाम की अवैध संपत्तियों के बारे में भी जानकारी मिली। जिसके बाद उस पर शिकंजा कसने की तैयारी शुरू हो गई। पुलिस जांच में यह सामने आया कि सद्दाम और लल्ला गद्दी ने अपराध के दम पर करोड़ों की संपत्ति बनाई थी। उन्होंने अवैध रूप से जमीन खरीदी और अपने करीबियों के नाम पर रजिस्ट्री करा दी। लेकिन जब प्रशासन ने इन संपत्तियों की जांच की तो पता चला कि ये पूरी तरह से काले धन से खरीदी गई थी।
"दोनों अपराधियों के द्वारा अर्जित की गई संपत्तियों को गैंगस्टर एक्ट के प्रावधानों के तहत जब्त किया गया है। अपराधियों और उनके सहयोगियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी और किसी भी तरह की अवैध संपत्ति को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस प्रशासन की तरफ से ऐसी सभी गतिविधियों पर नज़र रखी जा रही है। ताकि अपराधियों को उनके अपराधों का सख्त दंड मिले और भविष्य में इस तरह के अपराधों पर अंकुश लगाया जा सके।"
अनुराग आर्य, एसएसपी बरेली