मुकेश मौर्य हत्याकांड: विधायक डॉ. एमपी आर्या पहुंचे पीड़ित परिवार के घर, शीघ्र कार्रवाई का दिया भरोसा

सैंथल में मुकेश मौर्य हत्याकांड को लेकर विधायक डॉ. एमपी आर्या पीड़ित परिवार के घर पहुंचे, फरार आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दिया।

मुकेश मौर्य हत्याकांड: विधायक डॉ. एमपी आर्या पहुंचे पीड़ित परिवार के घर, शीघ्र कार्रवाई का दिया भरोसा
HIGHLIGHTS:

➡️ मुकेश मौर्य हत्याकांड में बढ़ी राजनीतिक हलचल
➡️ विधायक डॉ. एमपी आर्या पहुंचे पीड़ित परिवार के घर
➡️ शेष चार आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग
➡️ पुलिस कार्रवाई में ढिलाई पर परिजनों की नाराजगी
➡️ विधायक ने उच्चाधिकारियों से बात कर कार्रवाई का दिया भरोसा

सरफराज़ खान/ जन माध्यम

सैंथल,बरेली। सैंथल क्षेत्र में हुए मुकेश मौर्य हत्याकांड को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलचल तेज होती जा रही है। विश्व हिंदू परिषद की टीम के बाद मंगलवार को नवाबगंज विधायक डॉ. एमपी आर्या भी मृतक मुकेश मौर्य के घर पहुंचे और शोकाकुल परिजनों से मुलाकात की। इस दौरान विधायक ने बिलखते परिवार को ढांढस बंधाया और हत्याकांड में शेष आरोपियों के खिलाफ शीघ्र पुलिस कार्रवाई का आश्वासन दिया।

गौरतलब है कि बीते पांच दिसंबर की शाम मुकेश मौर्य घर से मेला देखने की बात कहकर निकला था, लेकिन अगली सुबह उसका शव गेहूं के खेत में बरामद हुआ था। इस नृशंस हत्या ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने इस मामले में छह लोगों को नामजद किया था, लेकिन घटना के कई दिन बीत जाने के बावजूद थाना हाफिजगंज पुलिस अब तक केवल दो अभियुक्तों को ही गिरफ्तार कर पाई है। शेष चार आरोपी अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं, जिससे परिवार और ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त है।

मृतक के पिता ने विधायक डॉ. एमपी आर्या के सामने पुलिस की कार्यशैली पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी में जानबूझकर ढिलाई बरती जा रही है। उन्होंने विधायक से शेष अभियुक्तों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कराने की मांग की, ताकि पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।

विधायक डॉ. एमपी आर्या ने परिवार को भरोसा दिलाया कि वे इस मामले को गंभीरता से लेते हुए उच्चाधिकारियों से वार्ता करेंगे और शेष फरार अभियुक्तों की शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित कराएंगे। उन्होंने कहा कि दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और कानून के तहत सख्त कार्रवाई होगी। विधायक के इस आश्वासन के बाद परिवार को कुछ राहत जरूर मिली, लेकिन न्याय की उम्मीद अब भी गिरफ्तारी पर टिकी हुई है।