छात्रों से अभद्रता के आरोप पर सियासत तेज, सपा ने किया स्वागत, कार्रवाई की मांग

जंतर-मंतर से लौट रहे दो छात्रों के साथ अभद्रता के आरोपों के बीच समाजवादी पार्टी नेताओं ने बरेली में उनका स्वागत किया और मामले की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग उठाई।

छात्रों से अभद्रता के आरोप पर सियासत तेज, सपा ने किया स्वागत, कार्रवाई की मांग
HIGHLIGHTS:

जंतर-मंतर से लौट रहे छात्रों के साथ अभद्रता का आरोप।

सपा नेताओं ने छात्रों का स्वागत कर निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।

मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज, कार्रवाई की मांग।

जन माध्यम 
बरेली।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित छात्र आंदोलन में शामिल होकर लौट रहे बरेली के दो छात्रों के साथ कथित अभद्रता का मामला सामने आने के बाद राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। रविवार को समाजवादी पार्टी के नेताओं ने फरीदपुर के महाजन मोहल्ला निवासी छात्रों आयुष रंजन और राहुल पाल के घर पहुंचकर उनका फूल-मालाओं से स्वागत किया तथा पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।

छात्रों का आरोप है कि रास्ते में हिंदू संगठन से जुड़े नेता सत्यम पंडित ने उन्हें रोककर बदसलूकी की और थप्पड़ मारे। घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल होने का दावा किया जा रहा है। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

इस मौके पर वरिष्ठ सपा नेता इंजीनियर अनीस अहमद ने कहा कि यदि छात्रों के साथ अभद्रता हुई है तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है। उन्होंने आरोप लगाया कि मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपों की पुष्टि होने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए। उनका कहना था कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने का अधिकार है और छात्रों की आवाज को दबाने का प्रयास उचित नहीं है।

सपा नेताओं ने कहा कि उनकी पार्टी छात्रों और युवाओं के लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए उनके साथ खड़ी है। उन्होंने केंद्र सरकार से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई की मांग की। साथ ही बताया कि समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी इस घटना को लेकर सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।

वहीं, समाचार लिखे जाने तक इस मामले में सत्यम पंडित अथवा भारतीय जनता पार्टी की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी। पुलिस की ओर से भी मामले में कार्रवाई संबंधी कोई औपचारिक जानकारी जारी नहीं की गई है।