एक शिकायत,कानून का शिकंजा
बरेली में महिला अपराध के एक मामले में एसएसपी अनुराग आर्य के सख़्त निर्देशों पर इज्जतनगर पुलिस ने 12 घंटे के भीतर वांछित आरोपी तहसीन रज़ा खान को गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई मिशन शक्ति फेज-5 के तहत की गई।
➡️ महिला अपराध पर एसएसपी अनुराग आर्य की जीरो टॉलरेंस नीति
➡️ इज्जतनगर थाने में दर्ज मुकदमे पर त्वरित कार्रवाई
➡️ महज़ 12 घंटे में वांछित आरोपी गिरफ्तार
➡️ मिशन शक्ति फेज-5 के तहत बड़ी सफलता
➡️ थाना प्रभारी विजेन्द्र सिंह व टीम की सक्रिय भूमिका
➡️ बेटियों की सुरक्षा को लेकर पुलिस का सख़्त संदेश
डेस्क/ जन माध्यम
बरेली।जब किसी ज़िले का पुलिस कप्तान सिर्फ आदेश नहीं देता, बल्कि हर बेटी की पीड़ा को अपनी ज़िम्मेदारी मान लेता है, तब कानून काग़ज़ों से निकलकर ज़मीन पर इंसाफ़ बन जाता है। बरेली में यह भरोसा एक नाम से जुड़ चुका है, एसएसपी अनुराग आर्य। उनकी सख़्त, संवेदनशील और ज़ीरो टॉलरेंस कार्यशैली ने एक बार फिर साबित कर दिया कि महिला सम्मान के साथ खिलवाड़ करने वालों के लिए अब कोई जगह सुरक्षित नहीं है। मिशन शक्ति फेज 5 के तहत थाना इज्जतनगर पर एक मुकदमा दर्ज किया गया और वांछित अभियुक्त तहसीन रज़ा खान को पुलिस ने महज़ 12 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई सिर्फ एक गिरफ्तारी नहीं, बल्कि उस सोच की जीत है जिसमें पीड़िता की आह सबसे ऊपर और अपराधी को त्वरित, कठोर जवाब दिया जाता
रविवार को जैसे ही पीड़िता ने हिम्मत कर थाने का दरवाज़ा खटखटाया, एसएसपी अनुराग आर्य के स्पष्ट निर्देश गूंजे,महिला अपराध में कोई ढिलाई नहीं, कोई देरी नहीं।इन्हीं निर्देशों का असर था कि सूचना तंत्र सक्रिय हुआ, इज्जत नगर पुलिस हरकत में आई और आरोपी को उसके इरादों समेत धर दबोचा गया। पूछताछ और ग्रामीणों की जानकारी ने यह साफ कर दिया कि समय रहते कार्रवाई न होती, तो खतरा और भी बड़ा हो सकता था। लेकिन एसएसपी के नेतृत्व में पुलिस ने उस खतरे को अपराध बनने से पहले ही कुचल दिया। वही अपने कप्तान द्वारा दिए गए देश का पालन करते हुए तेज तर्रार थाना प्रभारी इज्जत नगर बिजेन्द्र सिंह, उपनिरीक्षक अमित कुमार और हेड कांस्टेबल बलराम सिंह की टीम ने उसे अपराधी को 12 घंटे से पहले ही पहुंचा दिया सलाखों के पीछे और यह साबित कर दिया कि जब नेतृत्व मजबूत हो, तो इंसाफ़ देर से नहीं, सीधे दिल तक पहुंचता है।
अब बेटियाँ जानती हैं,उनकी आवाज़ अकेली नहीं है। एसएसपी अनुराग आर्य की सख़्त निगाह, संवेदनशील सोच और तेज़ कार्रवाई उनके साथ खड़ी है।