मजदूर की बाइक हादसे में मौत
बरेली के देवरनिया क्षेत्र में 40 वर्षीय मजदूर मोहम्मद साकिब की बाइक हादसे में मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल साकिब ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
➡️ देवरनिया में मजदूर मोहम्मद साकिब की बाइक हादसे में मौत।
➡️ इलाज के दौरान दम तोड़ने से परिवार में मातम।
➡️ पत्नी और चार बच्चों पर टूटा दुखों का पहाड़।
➡️ पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
➡️ स्थानीय लोगों ने सड़क सुरक्षा की कमी पर उठाए सवाल।
➡️ गांव में गहरा शोक, साकिब की ईमानदारी और मेहनत को याद किया गया।
देवरनिया में 40 वर्षीय मोहम्मद साकिब घायल होकर इलाज के दौरान चले गए
जन माध्यम
देवरनिया।बरेली। थाना क्षेत्र के गांव गुना हट्टू में एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। 40 वर्षीय मोहम्मद साकिब, जो मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे, शनिवार को इलाज के दौरान चल बसे। उनका परिवार अब गहरी शोक और हताशा में डूबा हुआ है।
पड़ोसियों के अनुसार, 6 नवंबर को साकिब मजदूरी करके घर लौट रहे थे। उनका रास्ता रेलवे फाटक के पास से गुजरता था। तभी अचानक एक बाइक सवार ने उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि साकिब गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और पुलिस तथा परिजनों को सूचित किया।
घायलों को तुरंत स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया। चिकित्सकों ने सभी प्रयास किए, लेकिन गंभीर चोटों के कारण साकिब की जान नहीं बचाई जा सकी और उन्होंने शनिवार देर रात इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
मृतक की अचानक मौत से उनके घर में मातम छा गया है। पत्नी रो-रोकर बुरी हालत में हैं, और परिवार का छोटा-सा संसार अचानक वीरान हो गया है। साकिब अपने पीछे चार छोटे बच्चों को छोड़ गए हैं, जिनकी देखभाल और पालन-पोषण अब परिवार के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है।स्थानीय लोग और पड़ोसी बताते हैं कि साकिब मेहनती और ईमानदार व्यक्ति थे। दिनभर मजदूरी करके वे अपने परिवार को अच्छे जीवन देने की कोशिश करते थे। उनके जाने से गांव में भी शोक की लहर दौड़ गई है।
पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी ने बताया कि दुर्घटना के कारणों की पूरी तरह से जांच की जा रही है और बाइक सवार की पहचान कर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने घटना स्थल का मुआयना किया और आस-पास के लोगों से जानकारी जुटाई।
यह हादसा यह सवाल भी उठाता है कि सड़क सुरक्षा और पैदल चलने वालों की सुरक्षा पर कितना ध्यान दिया जा रहा है। रेलवे फाटक और अन्य संवेदनशील जगहों पर सुरक्षा इंतजाम न होना कई बार जानलेवा हादसों का कारण बनता है।
साकिब की मौत से परिवार और गांव के लोग गहरे सदमे में हैं। परिजन और स्थानीय लोग सभी से अपील कर रहे हैं कि हादसे के जिम्मेदारों को जल्द से जल्द सजा मिले, ताकि अन्य लोग भी सतर्क रहें।मोहम्मद साकिब का जाना न केवल उनके परिवार के लिए बल्कि पूरे इलाके के लिए एक बड़ी क्षति है। उनकी मेहनत, संघर्ष और ईमानदारी अब केवल यादों में ही जीवित रह जाएगी।