वन संरक्षण पर सख्ती

डीएम अविनाश सिंह ने वन विभाग के पैरामीटरों की समीक्षा की। उन्होंने नष्ट हुए पौधों की जगह नए पौधे लगाने और सुरक्षा के लिए ट्री गार्ड इस्तेमाल करने के कड़े निर्देश दिए हैं।

वन संरक्षण पर सख्ती
HIGHLIGHTS:

➡️ डीएम अविनाश सिंह ने वन विभाग के कार्यों की समीक्षा की।

➡️ नष्ट हुए पौधों के स्थान पर नए पौधे लगाने के निर्देश।

➡️ पौधों की सुरक्षा के लिए अनिवार्य रूप से लगेंगे ट्री गार्ड।

➡️ सीएम डैशबोर्ड पर जिले की रैंकिंग सुधारने पर दिया जोर।

➡️ वृक्षारोपण को डीएम ने बताया सामाजिक और नैतिक जिम्मेदारी।

➡️ डीएफओ दीक्षा भंडारी समेत सभी जिला स्तरीय अधिकारी रहे मौजूद।

सीएम डैशबोर्ड पर वन विभाग के पैरामीटर की डीएम ने की समीक्षा

डेस्क/ जन माध्यम 
बरेली। मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर वन विभाग से जुड़े पैरामीटरों की समीक्षा को लेकर बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता डीएम अविनाश सिंह ने की। इस दौरान जिले में विभिन्न विभागों द्वारा कराए गए वृक्षारोपण की स्थिति और पौधों के संरक्षण की प्रगति पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक में डीएम ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए पौधों की जांच आख्या की समीक्षा करते हुए यहये जाना कि कितने पौधे जीवित हैं और कहां लापरवाही सामने आई है। उन्होंने साफ निर्देश दिए कि जिन विभागों के लगाए गए पौधों में कुछ पौधे नष्ट हो गए हैं, उनके स्थान पर उतनी ही संख्या में नए पौधे अनिवार्य रूप से लगाए जाएं। इसके साथ ही पौधों के नष्ट होने के कारणों की भी गंभीरता से जांच करने को कहा गया, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न उत्पन्न हो। डीएम अविनाश सिंह ने पौधों की सुरक्षा पर विशेष जोर देते हुए निर्देश दिए कि जहां आवश्यकता हो, वहां ट्री गार्ड लगाए जाएं, जिससे पौधों को पशुओं और अन्य नुकसान से बचाया जा सके। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उनका संरक्षण और देखभाल सबसे अहम जिम्मेदारी है। बैठक के दौरान डीएम ने कहा कि पेड़-पौधों और पर्यावरण का संरक्षण केवल सरकारी कार्य नहीं, बल्कि हम सभी का सामाजिक और नैतिक दायित्व है। प्रकृति से हम निरंतर लाभ लेते हैं, ऐसे में उसकी रक्षा करना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी बनती है। उन्होंने यह भी कहा कि लगाए गए पौधों के संरक्षण का प्रतिशत मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर जिले की रैंकिंग को भी प्रभावित करता है। इसलिए सभी संबंधित विभाग यह सुनिश्चित करें कि इस माह जिले की रैंकिंग किसी भी स्थिति में खराब न होने पाए और निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य समय पर पूरा किया जाए।
इस समीक्षा बैठक में डीएफओ दीक्षा भंडारी, डीसी मनरेगा, जिला विकास अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी सहित सभी संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का उद्देश्य स्पष्ट था बरेली को हरित और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार जिला बनाना।