शाही में हजरत इलाही बख्श मियां का उर्स अकीदत के साथ सम्पन्न

शाही के हसनपुर में हजरत इलाही बख्श मियां का पांच दिवसीय उर्स अकीदत से सम्पन्न, कव्वाली में उमड़ा जनसैलाब।

शाही में हजरत इलाही बख्श मियां का उर्स अकीदत के साथ सम्पन्न
HIGHLIGHTS:

➡️ पांच दिवसीय उर्स सम्पन्न
➡️ दरगाह पर चादरपोशी
➡️ अमन-चैन की दुआएं
➡️ शांति व भाईचारे का संदेश

दीनानाथ कश्यप । जन माध्यम
शाही (बरेली)।
कस्बा शाही के मोहल्ला हसनपुर (नूरी नगर) में हजरत इलाही बख्श मियां रहमतुल्लाह अलैह का पांच दिवसीय वार्षिक उर्स पूरे धार्मिक उत्साह, अकीदत और उल्लास के साथ सम्पन्न हो गया। बुधवार को आयोजित समापन कार्यक्रम में कस्बे सहित आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए और दरगाह पर हाजिरी देकर दुआएं मांगीं।

उर्स के दौरान दरगाह परिसर में रूहानी माहौल छाया रहा। श्रद्धालुओं ने चादरपोशी की और मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और भाईचारे की दुआ की। शाम होते ही महफिल-ए-कव्वाली का दौर शुरू हुआ, जिसने पूरी फिजा को सूफियाना रंग में रंग दिया।

अलीगढ़ के मशहूर कव्वाल गुलाम हबीब और सैदपुर के आरिफ साबरी ने अपनी मधुर आवाज और सूफियाना कलाम से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। “भर दो झोली मेरी या मोहम्मद” और अन्य मशहूर कलामों पर लोग देर रात तक झूमते नजर आए। महफिल में मौजूद अकीदतमंदों ने तालियों की गूंज के साथ कव्वालों की हौसला अफजाई की।

कार्यक्रम की सरपरस्ती नगर पंचायत शाही के चेयरमैन प्रत्याशी जावेद हुसैन उर्फ सन्नी ने की। आयोजन को सफल बनाने में उर्स कमेटी के सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई। व्यवस्था की कमान संभालते हुए कमेटी अध्यक्ष आशिक हुसैन, आयाज खान, रहीस अहमद, ताज सभासद, सोनू, शकील, आरिफ अब्बासी, शानू, कल्लू अंसारी, माजिद सहित अन्य सदस्य पूरे आयोजन के दौरान मुस्तैद रहे। साउंड सिस्टम की व्यवस्था इकरार खान द्वारा की गई, जिससे महफिल की रौनक और बढ़ गई।

पांच दिनों तक चले इस उर्स ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि सूफी परंपरा प्रेम, सद्भाव और इंसानियत की राह दिखाती है। आयोजन शांति और आपसी भाईचारे के माहौल में सम्पन्न हुआ, जिसे लेकर क्षेत्र में खुशी और संतोष का वातावरण बना रहा।