बरेली जंक्शन पर मौत का तांडव टला: मालगाड़ी के डिब्बे से उठी आग की लपटें, मची चीख-पुकार!
बरेली जंक्शन पर मालगाड़ी के डिब्बे में आग लगी, लेकिन रेलवे स्टाफ और आरपीएफ ने तुरंत नियंत्रण कर कोई हताहत होने से बचाया। आग के कारणों की जांच चल रही है।
➡️ बरेली जंक्शन पर मालगाड़ी डिब्बे से आग लगी
➡️ यात्रियों में अफरा-तफरी और भगदड़
➡️ रेलवे स्टाफ व आरपीएफ ने तुरंत आग पर काबू पाया
➡️ जलती बोगी को बाकी ट्रेन से अलग किया गया
➡️ कोई जानी नुकसान नहीं, जांच जारी
हसीन दानिश / जन माध्यम
बरेली। सुबह-सुबह बरेली जंक्शन पर उस वक्त अफरा-तफरी का मंजर बन गया, जब एक खड़ी मालगाड़ी के आखिरी डिब्बे से अचानक घना काला धुआं और आग की लपटें फूट पड़ीं! प्लेटफॉर्म पर खड़े यात्रियों की चीखें गूंज उठीं, किसी को समझ नहीं आ रहा था कि यह रेलवे की रफ्तार में छिपी आग कब विकराल रूप ले लेगी!
धुएं का गुबार देखते ही रेलवे स्टाफ और यात्रियों में भगदड़ मच गई। हर कोई जान बचाने को दौड़ रहा था। लेकिन तभी कंट्रोल रूम को सूचना मिली और रेलवे के जांबाज कर्मचारी तथा आरपीएफ की टीम ने मौत को चुनौती दे दी!
पहला कदम – आग को ट्रेन से अलग किया!
बिना एक पल गंवाए, जलती बोगी को पूरी मालगाड़ी से काटकर अलग कर दिया गया। मानो आग को कहा गया – "बस यहीं तक!" फिर शुरू हुआ युद्ध – बाल्टियों से पानी की बौछारें, अग्निशमन यंत्रों की धार! कर्मचारियों ने जान की परवाह न करते हुए आग से भिड़ंत की। मिनटों में लपटें सिमटने लगीं, धुआं कम हुआ और आखिरकार... आग ने हार मान ली!
रेलवे अधिकारियों का कहना है "आग का कारण अभी रहस्य है। जांच चल रही है। रिपोर्ट आएगी, तो सच सामने होगा।" लेकिन सबसे बड़ी राहत यही कि कोई जानी नुकसान नहीं। एक भी यात्री को खरोंच तक नहीं आई।
रेलवे प्रशासन ने पूरे स्टेशन की तलाशी ली, हर कोने की जांच की – ताकि ऐसी कोई और आग की चिंगारी कहीं न सुलगे।
सवाल अब भी बाकी है – क्या यह सिर्फ हादसा था... या कोई साजिश?