भीड़ ने डॉक्टर स्टाफ पर किया हमला

क्लारा स्वान मिशन अस्पताल में मृत घोषित करने पर तीमारदारों ने डॉक्टर और स्टाफ पर हमला किया, पुलिस जांच में जुटी।

भीड़ ने डॉक्टर स्टाफ पर किया हमला
HIGHLIGHTS:

➡️ मृत घोषित करने पर तीमारदारों का अस्पताल में हंगामा
➡️ डॉ. उमंग और स्टाफ को दी गई जान से मारने की धमकी
➡️ सुपरवाइजर सोलंकी शमी पर भी भीड़ का हमला
➡️ कुछ समय के लिए अस्पताल की व्यवस्था ठप्प
➡️ अस्पताल प्रशासन ने सुरक्षा और कड़ी कार्रवाई की मांग की
➡️ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की
➡️ स्टाफ अभी भी दहशत में, सुरक्षा को लेकर चिंता

मरीज को मृत बताने पर कुछ तीमारदारों ने अस्पताल में मचाया हंगामा

जन माध्यम 
बरेली।
शहर के कोतवाली क्षेत्र स्थित क्लारा स्वान मिशन अस्पताल मंगलवार देर रात रणक्षेत्र में बदल गया, जब एक्सीडेंट में घायल एक युवक को लाने पर उसके तीमारदार अचानक उग्र हो गए। डॉक्टर-स्टाफ ने आरोप लगाया कि भीड़ ने उनके साथ धक्का-मुक्की, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी।
ड्यूटी पर तैनात ईएमओ डॉ. उमंग ने बताया कि एंबुलेंस से लाए गए युवक की जांच में उसे मृत पाया गया। डॉक्टर ने औपचारिक प्रक्रिया पूरी करने के लिए स्टाफ अमित को ईसीजी मशीन लाने को कहा। इसी दौरान तीमारदार अचानक भड़क उठे और डॉक्टर को चारों ओर से घेर लिया। माहौल इतना भयावह था कि अस्पताल के महिला स्टाफ को वार्ड से बाहर निकलने तक डर लगा, और अस्पताल कुछ मिनटों के लिए पूरी तरह ठप्प हो गया। स्थिति बिगड़ने पर स्टाफ ने सुपरवाइजर सोलंकी शमी को बुलाया, लेकिन भीड़ का उग्र रूप उन पर भी टूट पड़ा। हमलावरों ने उनसे हाथापाई और बदसलूकी की। इस घटना में आशुतोष सिंह चौहान अंगूरी,थाना सुभाषनगर भी शामिल था, जो अन्य लोगों के साथ मिलकर अस्पताल की व्यवस्था को बाधित करता रहा।
अस्पताल प्रशासन ने घटना पर कड़ा विरोध जताया और पुलिस से मजबूत कार्रवाई की मांग की। मेडिकल स्टाफ की सुरक्षा के बिना इलाज की व्यवस्था प्रभावी नहीं हो सकती, यह उन्होंने स्पष्ट किया।
सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया और अस्पताल स्टाफ की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। अस्पताल के कर्मचारियों ने कहा कि रात भर की दहशत अब भी उनके मन में है और सुरक्षा की मजबूत व्यवस्था के बिना ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति का खतरा बना रहेगा।