गौकशी मामलों पर खुलासे की मांग तेज
बरेली के देवरनियां और शीशगढ़ में गौकशी घटनाओं के खुलासे की मांग तेज, 20 अप्रैल को धरना प्रदर्शन की चेतावनी।
गौकशी घटनाओं के खुलासे में देरी से बढ़ा आक्रोश
एक सप्ताह में कई जगह मिले गौवंशीय अवशेष
गोरक्षा हिंदू दल ने आंदोलन की चेतावनी दी
20 अप्रैल को तहसील मुख्यालय पर धरना तय
जन माध्यम
देवरनिया/बरेली। लगातार सामने आ रही घटनाओं और अधूरे जवाबों के बीच अब लोगों का सब्र टूटने लगा है और सड़कों पर उतरने की चेतावनी दी जा रही है।
थाना शीशगढ़ और देवरनियां क्षेत्र में पिछले दिनों हुई गौकशी की घटनाओं का अब तक खुलासा न होने से मामला तूल पकड़ता जा रहा है। पुलिस के बार-बार जल्द खुलासा करने के दावों से नाराज गोरक्षा हिंदू दल ने अब खुलकर विरोध का रुख अपना लिया है।
देवरनियां कोतवाली की पुलिस चौकी रिछा क्षेत्र में एक सप्ताह के भीतर दो बार गौवंशीय अवशेष मिलने की घटनाएं सामने आई थीं। 18 फरवरी को राजकीय इंटर कॉलेज के पास मिले अवशेषों को पुलिस ने मरे हुए जानवर का मामला बताकर खारिज कर दिया था, लेकिन इसके एक सप्ताह बाद 27 फरवरी को रिछा-जहानाबाद मार्ग पर गरगय्या में सिंधय्या पुल के पास बोरों में बड़ी मात्रा में अवशेष मिलने से क्षेत्र में आक्रोश फैल गया।
इसी क्रम में तीन अप्रैल को थाना शीशगढ़ क्षेत्र के गांव बरगवां में किच्छा नदी किनारे भी भारी मात्रा में गौवंशीय अवशेष मिलने की घटना सामने आई। इन घटनाओं के बावजूद अब तक किसी भी मामले का स्पष्ट खुलासा न होने से लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
गोरक्षा हिंदू दल के जिलाध्यक्ष देवेन्द्र भास्कर ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि दो दिन के भीतर घटनाओं का खुलासा नहीं किया गया, तो 20 अप्रैल को बहेड़ी तहसील मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सख्त तेवरों के बावजूद पुलिस इन मामलों को लेकर गंभीर नहीं दिख रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि देवरनियां क्षेत्र की घटनाओं का खुलासा न होने से गौ तस्करों के हौसले बुलंद हो रहे हैं। वहीं शीशगढ़ में घटना के बाद पुलिस कप्तान अनुराग आर्य द्वारा इंस्पेक्टर को हटाए जाने के बावजूद स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है।
अब पूरे मामले में लोगों की नजर पुलिस की कार्रवाई पर टिकी है। अगर जल्द खुलासा नहीं हुआ, तो क्षेत्र में आंदोलन तेज होने के संकेत साफ दिखाई दे रहे हैं।