ट्रांसपोर्ट यूनियन ने खनन अधिकारियों पर लगाए अवैध वसूली के आरोप
बरेली में उत्तर प्रदेश ट्रांसपोर्ट यूनियन की बैठक में पदाधिकारियों ने खनन विभाग के अधिकारियों पर ट्रांसपोर्टरों के उत्पीड़न और कथित अवैध वसूली के आरोप लगाए। यूनियन ने मामले की शिकायत उच्च अधिकारियों से करने की बात कही।
ट्रांसपोर्ट यूनियन ने बैठक कर खनन अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए।
ट्रांसपोर्टरों के उत्पीड़न और कथित अवैध वसूली का लगाया आरोप।
जिलाधिकारी, मंडलायुक्त और मुख्यमंत्री से शिकायत करने की घोषणा।
जन माध्यम
बरेली। उत्तर प्रदेश ट्रांसपोर्ट यूनियन की महानगर इकाई की बैठक रविवार को नरकुलागंज स्थित कार्यालय में महानगर अध्यक्ष रामकृष्ण शुक्ला की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में पदाधिकारियों ने मंडलीय खनन अधिकारी और जिला खनन अधिकारी पर ट्रांसपोर्टरों के उत्पीड़न तथा कथित अवैध वसूली के आरोप लगाए। साथ ही मामले की शिकायत जिलाधिकारी, मंडलायुक्त और मुख्यमंत्री से करने की बात कही।
बैठक को संबोधित करते हुए महानगर अध्यक्ष रामकृष्ण शुक्ला ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार जहां अवैध खनन पर सख्ती बरत रही है, वहीं बरेली में उत्तराखंड से आने वाले ट्रकों से आईएसटीपी (खनन शुल्क) की वैध रसीद कटवाने के बजाय कथित रूप से प्रति ट्रक ₹5 हजार सुविधा शुल्क देने का दबाव बनाया जा रहा है। उनका दावा है कि इससे नियमों का पालन करने वाले ट्रांसपोर्टरों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है और उनका कारोबार प्रभावित हो रहा है।
महामंत्री दीपक द्विवेदी और कोषाध्यक्ष सरदार प्रभजीत सिंह ने कहा कि उत्तराखंड से आने वाले रेता-बजरी से लदे सभी ट्रकों का संचालन वैध आईएसटीपी रसीद के आधार पर होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि यदि इसके बावजूद ट्रांसपोर्टरों का उत्पीड़न या कथित अवैध वसूली की जाती है तो यूनियन इस मामले को उच्च स्तर तक उठाएगी।