बहेड़ी में साइबर ठग गिरोह का भंडाफोड़ एक गिरफ्तार
बरेली के बहेड़ी में साइबर ठग गिरोह का खुलासा एक आरोपी गिरफ्तार दो फरार कई राज्यों में ठगी के मामले जुड़े मिले
साइबर ठग गिरोह का पुलिस ने किया खुलासा
एक आरोपी गिरफ्तार दो साथी फरार
कई राज्यों में ठगी से जुड़े मिले तार
मोबाइल और बैंक खातों के जरिए होता था खेल
मुमताज अली
जन माध्यम
बरेली। मोबाइल की एक घंटी और भरोसे की एक छोटी सी गलती, यही वह जाल है जिसमें फंसकर लोग अपनी जिंदगी भर की कमाई गंवा बैठते हैं। बरेली के बहेड़ी क्षेत्र में साइबर फ्रॉड का ऐसा ही एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां पुलिस ने एक ठग गिरोह का भंडाफोड़ किया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि यह साइबर फ्रॉड गिरोह कई राज्यों में लोगों को निशाना बना रहा था। बहेड़ी क्षेत्र में साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। संदिग्ध मोबाइल नंबरों की जांच के दौरान एक युवक को गिरफ्तार किया गया, जबकि उसके दो साथी मौके से फरार हो गए।
बहेड़ी में बढ़ते साइबर फ्रॉड मामलों को देखते हुए पुलिस ने अभियान और तेज कर दिया है। पुलिस के अनुसार गृह मंत्रालय द्वारा संचालित एनसीआरपी और प्रतिबिंब समन्वय पोर्टल पर मिले एक संदिग्ध मोबाइल नंबर की जांच की गई थी। जांच में पता चला कि इस नंबर के खिलाफ हरियाणा के फतेहाबाद जिले में पहले से शिकायत दर्ज है।
आठ अप्रैल को पुलिस टीम ने ग्राम बाजपुर के पास बंद पड़े कोल्हू के समीप दबिश दी, जहां से विवेक गंगवार निवासी ग्राम बाजपुर थाना बहेड़ी को गिरफ्तार कर लिया गया। इस दौरान उसका साथी पुष्पेंद्र मौके से फरार हो गया। तलाशी के दौरान आरोपी के पास से वीवो कंपनी का मोबाइल बरामद हुआ।
इस मामले में थाना बहेड़ी में आईटी एक्ट के तहत विवेक गंगवार, पुष्पेंद्र और एक अज्ञात संतोष के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पूछताछ में विवेक ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर लोगों को झांसे में लेकर उनके बैंक खातों का इस्तेमाल करता था।
आरोपी ने खुलासा किया कि उसकी पहचान संतोष नाम के व्यक्ति से टेलीग्राम के जरिए हुई थी, जिसने उसे एक एप्लीकेशन फाइल चलाने के लिए कहा। इसके बाद ठगी का सिलसिला शुरू हुआ और खातों के जरिए पैसे इधर से उधर किए जाने लगे।
जांच में यह भी सामने आया है कि इन खातों से जुड़े मामलों में उत्तर प्रदेश के अलावा तमिलनाडु, केरल और तेलंगाना में भी साइबर फ्रॉड की शिकायतें दर्ज हैं। आरोपी ठगी की रकम खातों में मंगाकर आपस में बांट लेते थे।
इंस्पेक्टर दिनेश कुमार ने बताया कि फरार आरोपियों की तलाश के लिए टीम गठित कर दी गई है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। वहीं गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ विधिक कार्रवाई जारी है।