ज्ञानवापी पर बयान को लेकर बढ़ी तल्खी
ज्ञानवापी मस्जिद को लेकर दिए गए बयान पर बरेली में मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी और मामले को लेकर अदालत के निर्णय का सम्मान करने की बात कही
ज्ञानवापी पर बयान से बढ़ा विवाद
मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने जताई आपत्ति
अदालत के फैसले को सर्वोपरि बताया
भड़काऊ बयानबाजी से बचने की अपील
जन माध्यम
बरेली। जब आस्था और संवेदनाओं से जुड़े मुद्दों पर शब्दों की तीव्रता बढ़ती है तो माहौल में खामोशी के साथ चिंता भी गहराने लगती है। ज्ञानवापी मस्जिद को लेकर दिए गए बयान के बाद बरेली में भी प्रतिक्रिया तेज हो गई है।
आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने इस मामले पर कड़ी आपत्ति जताई है। उन्होंने कहा कि ज्ञानवापी मस्जिद एक मस्जिद है और उसे लेकर किसी भी तरह की आपत्तिजनक टिप्पणी करना गलत है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि धार्मिक स्थलों को लेकर भड़काऊ बयानबाजी से समाज में तनाव पैदा हो सकता है।
मौलाना ने कहा कि इस मामले में अदालत में सुनवाई चल रही है और दोनों पक्ष अपनी दलीलें रख रहे हैं। ऐसे में जो भी निर्णय अदालत द्वारा दिया जाएगा, वह सभी के लिए मान्य होना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के बयान न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करने का प्रयास प्रतीत होते हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी समुदाय को उकसाने या माहौल खराब करने वाली बातें नहीं की जानी चाहिए। समाज में शांति और सौहार्द बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है।
मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने मांग की कि इस तरह के मामलों में अदालत को संज्ञान लेकर आवश्यक कदम उठाने चाहिए, ताकि किसी भी प्रकार की भड़काऊ बयानबाजी पर रोक लग सके और समाज में शांति बनी रहे।