बहापुर गन्ना केंद्र बहेड़ी में जोड़ा जाए

किसानों ने बहापुर गन्ना केंद्र को बहेड़ी में जोड़ने की मांग उठाई। लंबी दूरी की समस्या पर भाकियू ने प्रशासन को चेताया—15 दिसंबर से अनिश्चितकालीन धरना।

बहापुर गन्ना केंद्र बहेड़ी में जोड़ा जाए
HIGHLIGHTS:

➡️ बहापुर गन्ना केंद्र को बहेड़ी में जोड़ने की मांग तेज
➡️ लंबी दूरी से परेशान किसानों ने उठाई आवाज
➡️ 6 लाख कुंतल क्षमता वाला बड़ा केंद्र, फिर भी समाधान नहीं
➡️ भाकियू नेताओं ने प्रशासन की चुप्पी पर सवाल उठाए
➡️ 15 दिसंबर से अनिश्चितकालीन धरने की चेतावनी

किसानों की चेतावनी,15 दिसंबर से अनिश्चितकालीन धरना

जन माध्यम 
बहेड़ी। बरेली। बहेड़ी,भारतीय किसान यूनियन टिकैत के पदाधिकारियों और क्षेत्रीय किसानों ने बहापुर गन्ना तोल केंद्र को बहेड़ी में शामिल करने की जोरदार मांग उठाई है। किसानों का कहना है कि बहापुर केंद्र से राइनवाड़ा, वहापुर, पिंदारी अशोक सहित कई बड़े और छोटे गांव जुड़े हुए हैं। करीब 6 लाख कुंतल गन्ना क्षमता वाले इस तोल केंद्र पर किसानों को लंबे समय से कई तरह की परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं। सबसे बड़ी समस्या पीलीभीत स्थित मिल की अधिक दूरी है, जिससे गन्ना लेकर जाने वाले किसानों को समय, पैसे और श्रम तीनों का अधिक नुकसान उठाना पड़ता है। भाकियू टिकैत के तहसील अध्यक्ष राजेश कुमार गुप्ता खन्ना, प्रदेश सचिव चौधरी जगत सिंह, दानिश बाबा, पवन गुप्ता, यामीन मलिक, प्रेम गुप्ता, समीर, शोएब रजा, गुलाब रजा, मोहम्मद आरिफ सहित अन्य किसान नेताओं ने बताया कि इस गंभीर समस्या को लेकर वे पहले भी जिला गन्ना अधिकारी और गन्ना आयुक्त लखनऊ को सूचित कर चुके हैं। बावजूद इसके, अभी तक किसी स्तर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। किसानों का कहना है कि जब बहापुर केंद्र क्षेत्र की सबसे बड़ी गन्ना आपूर्ति क्षमता वाला सेंटर है, तो इसे बहेड़ी से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है। इससे न केवल किसानों का बोझ कम होगा बल्कि गन्ना परिवहन सुगम होने से समय पर तोल और भुगतान जैसी प्रक्रियाएं भी तेज होंगी। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन उनकी मांग को गंभीरता से नहीं लेता, तो वे 15 दिसंबर से बहेड़ी में अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू करने को बाध्य होंगे। किसानों के इस एलान के बाद क्षेत्र में हलचल बढ़ गई है और सभी की निगाहें अब अधिकारियों की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।